जोधपुर का इश्किया गणेश मंदिर, जहां शाम से सुबह तक प्रेमी जोड़ो की लगी रहती है लाइन
जोधपुर का इश्किया गणेश मंदिर

जोधपुर। भारत में कई चमत्कारी मंदिर हैं। जहां के चमत्कारों को आप ने खुद अपनी आंखों से देखे होंगे और सुने होंगे, लेकिन क्या अभी तक आपने भारत के एक ऐसे मंदिर के बारे में सुना है। जिस मंदिर में प्रेमी और प्रेमिका की लव स्टोरी पूरी हो जाती है। जी हां, आज हम बात कर रहे हैं जोधपुर के इश्किया गणेश मंदिर (Ganesh temple ) की जहां प्रेमी और प्रेमिका के प्यार को श्री गणेश का आशीर्वाद मिल जाता है। और उनका प्यारा पूरा हो जाता है।
मंदिर का इतिहास, श्री गणेश ने दिए राजा को दर्शन
कहा जाता है कि जोधपुर का यह मंदिर जो इश्किया मंदिर के नाम से जाना जाता है। इस मंदिर को जयपुर के महाराजा सवाई प्रताप सिंह ने 18 वीं सदी में बनवाया था। यह मंदिर राजा ने श्री गणेश के कहने पर बनवाया था। श्री गणेश राजा के सपने में आए थे और यह मंदिर बनाने को कहा था। श्री गणेश के आदेश अनुसार राजा ने यह मंदिर बनवाया था।

कैसे पड़ा मंदिर का नाम इश्किया गणेश मंदिर
इस मंदिर का नाम इश्किया गणेश होने के पीछे की कहानी यह है कि जिन भी प्रेमी जोड़ों ने इस मंदिर में एक साथ श्री गणेश की पूजा की उन्हें उनका प्यार मिल गया। कहा जाता है कि जो कोई कपल इस मंदिर में पूजा करते हैं, प्रार्थना करते है, उनकी शादी हो जाती है।वो जोड़ी सुपरहिट जोड़ी बन जाती है।
सुबह से लेकर शाम तक रहती प्रेमी जोड़ो की भीड़
कहा जाता है सच्चा प्यार करने वाले प्रेमी जोड़ो की भीड़ यहां सुबह से शाम तक लगी रहती है। यहां प्रेमी जोडे़ जो भी मांगते है वो श्री गणेश उन्हें देते है। वैलेंटाइनडे पर इस मंदिर में कपल की भीड़ लगी रहती है। यह वैलेंटाइन पर प्रेमी जोड़ो का पसंदीदा स्थान है। जिन लोगों के घर वाले किसी वजह से शादी के लिए नहीं मानते। वो लोग इस मंदिर में आकर चुपके से प्रार्थना करते हैं। उन्हें उनका प्यार मिल ही जाता है।